Paonta Sahib: सिरमौर का पहला महाविद्यालय बना पाँवटा साहिब, जानिए ऐसी क्या उपलब्धि की हासिल... ddnewsportal.com
Paonta Sahib: सिरमौर का पहला महाविद्यालय बना पाँवटा साहिब, जानिए ऐसी क्या उपलब्धि की हासिल...
पाँवटा साहिब के राजकीय महाविद्यालय ने एक ऐसी उपलब्धि हासिल की है जिससे वह जिले का पहला कॉलेज बन गया है जिसके पास यह सुविधा उपलब्ध हो गई है। विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं कर्मचारियों की सुरक्षा के प्रति अपनी अटूट प्रतिबद्धता को साकार करते हुए राजकीय महाविद्यालय, पांवटा साहिब ने एक और ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम दर्ज की है। महाविद्यालय परिसर में लगभग 9 लाख रुपए की लागत से अत्याधुनिक फिक्स्ड फायर फाइटिंग सिस्टम स्थापित किया गया है। इसके साथ ही महाविद्यालय जिला सिरमौर का पहला महाविद्यालय बन गया है, जहाँ इस प्रकार की आधुनिक एवं स्थायी अग्नि सुरक्षा प्रणाली स्थापित की गई है।

महाविद्यालय की स्थापना वर्ष 1994 में हुई थी और यह वर्तमान में राष्ट्रीय मूल्यांकन और प्रत्यायन परिषद (NAAC) से 'A' ग्रेड मान्यता प्राप्त संस्थान है। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. जगदीश चौहान ने कहा कि किसी भी शिक्षण संस्थान की सर्वोच्च प्राथमिकता विद्यार्थियों एवं कर्मचारियों की सुरक्षा होती है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए महाविद्यालय प्रशासन ने आधुनिक अग्नि सुरक्षा प्रणाली स्थापित करने का निर्णय लिया। यह व्यवस्था परिसर में आग जैसी किसी भी आकस्मिक घटना के दौरान स्वतः एवं त्वरित रूप से सक्रिय होकर आग पर प्रारंभिक स्तर पर नियंत्रण स्थापित करने में सक्षम है, जिससे जन-धन की हानि की संभावना को काफी हद तक कम किया जा सकेगा।

उन्होंने कहा कि महाविद्यालय में विज्ञान प्रयोगशालाएँ, कंप्यूटर लैब, पुस्तकालय, प्रशासनिक कार्यालय तथा अन्य महत्वपूर्ण संसाधन उपलब्ध हैं। ऐसे में फिक्स्ड फायर फाइटिंग सिस्टम इन सभी परिसंपत्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ-साथ विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं कर्मचारियों को सुरक्षित वातावरण प्रदान करेगा। यह व्यवस्था न केवल राष्ट्रीय अग्नि सुरक्षा मानकों के अनुरूप है, बल्कि भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए विकसित की गई आधुनिक सुरक्षा प्रणाली भी है। डॉ. जगदीश चौहान ने कहा कि राजकीय महाविद्यालय पांवटा साहिब शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता के साथ-साथ आधुनिक आधारभूत सुविधाओं, सुरक्षा मानकों एवं नवाचारों को अपनाने में सदैव अग्रणी रहा है। फिक्स्ड फायर फाइटिंग सिस्टम की स्थापना महाविद्यालय की इसी दूरदर्शी सोच का परिणाम है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह यह पहल प्रदेश के अन्य राजकीय महाविद्यालयों के लिए भी प्रेरणा बनेगी तथा भविष्य में सभी शिक्षण संस्थानों में आधुनिक अग्नि सुरक्षा प्रणालियों की स्थापना को अपनाने के लिए प्रेरित होंगे।
महाविद्यालय प्रशासन ने इस उपलब्धि को विद्यार्थियों, अभिभावकों तथा पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का विषय बताते हुए कहा कि भविष्य में भी संस्थान सुरक्षित, आधुनिक एवं गुणवत्तापूर्ण शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के लिए इसी प्रकार के विकासात्मक कार्य निरंतर करता रहेगा।